tag:blogger.com,1999:blog-14743488.post-1122102732126716842005-07-23T01:01:00.000-06:002005-07-23T01:12:12.130-06:00उन्मेषआज प्रथम दिवस है हिन्दी परिपत्र लिखने का.आलस्यं हि मनुष्याणाम शरीरस्थो महारिपु: अतएव आज द्रढता पूर्वक बैठ ही गया/ आशा ऐसी है कि निरन्तरता रहेगी,शेष भविष्य के गर्भ मे है/Bhaskar Lakshakarhttp://www.blogger.com/profile/18112544818203939650noreply@blogger.com